पेट के कीड़ो को जड़ से ख़त्म करने का इलाज और दवा

पेट के कीड़ों की समस्या दूर करने के लिये आयुर्वेदिक उपचार –

 

  • 50 ग्राम सोनामक्खी, 50 ग्राम गुलकंद, 20 ग्राम मुनक्का, 20 ग्राम शहद, 20 ग्राम हरड़ की छाल, 20 ग्राम सौठ, इन चारों को मिश्रित कर के छोटी छोटी गोलीयां तैयार कर लीजिये। इन गोलियों को दूध के साथ लेना अत्यंत लाभदायक होता है। इस प्रयोग से कुछ ही दिन में पेट के कीड़े मर जाते हैं। इन गोलियों को दिन में दो से तीन बार ले सकते हैं।
  • चीनी, नमक और कली का चूना- तीनों को 2-2 ग्राम ले लीजिये, और 200 ml पानी में डाल दीजिये। अब उस पानी में से 20 मिली लीटर पानी… पियें कुछ दिन इस प्रयोग को लगातार करने से कृमि रोग दूर होगा।

  • जैतून का तेल और तेजपाल समान मात्रा में ले कर इसे मिला लेने से और इस मिश्रित तेल को गुदा द्वार पर लगा लेने से कृमि रोग में राहत मिलती है। 3 ग्राम गुड़ लें उसमें कबीला मिला लें इन दोनों को साथ खाने से भी पेट के कीड़े दूर होंगे। प्याज का रस पीने से पेट के कीड़े मर जाते हैं। प्याज के रस में सेधा नमक मिला कर पीने से अधिक लाभ होता है। प्याज का रस शहद के साथ मिला कर पीने से भी कृमि रोग में लाभ होगा।
  • कृमि रोग दूर करने के लिये काली मिर्च भी उत्तम उपाय है। 20 से 25 ग्राम पुदीने के साथ 10 ग्राम काली मिर्च के चूरन को छाछ के साथ पी लें। इस प्रयोग को एक हफ्ते तक लगातार करने से पेट में उपस्थित कृमि नष्ट हो जाते हैं।
  • गुड़ और लहसुन समान मात्रा में ले कर खा लेने से पेट के कीड़े मरते हैं।

  • दिन में दो बार सेंध नमक वाली लसुन की चटनी खाने से भी कृमि नाश होते हैं।
  • छाछ में लहसुन के रस की कुछ बूंदें मिला कर पीने से इस रोग में राहत हो जाती है। यह प्रयोग दिन में दो से तीन बार करें।
  • एक सप्ताह तक आंवले का रस दिन में तीन बार पीने से पेट के कीड़े दूर हो जाते हैं।
  • बथुआ को गरम पानी में उबाल कर उसका रस निकाल कर पीने से पेट के कीड़े नाश होते हैं।
  • बथुआ के बीजों को पीस कर शहद के साथ मिश्रित कर के पीने पर कृमि रोग में राहत मिलती है।
पेट के कीड़ो को जड़ से ख़त्म करने का इलाज और दवा पेट के कीड़ो को जड़ से ख़त्म करने का इलाज और दवा Reviewed by Author on February 04, 2020 Rating: 5
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